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प्रियंका गांधी के निर्देश पर नागरिकता संशोधन बिल के खिलाफ सड़कों पर उतरेगी यूपी कांग्रेस

लोकसभा में पास हुए नागरिकता संशोधन बिल को लेकर पूरे देश में सियासत शुरू हो गई है।कांग्रेस ने सड़क से लेकर सदन तक इसका विरोध शुरू कर दिया है। जिसके तहत बुधवार को उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू के नेतृत्व में कांग्रेसी सड़क पर उतरेंगे। इससे पहले राजधानी लखनऊ के हजरतगंज स्थित गांधी पार्क में सैकड़ों कांग्रेस कार्यकर्ता ने इस बिल के खिलाफ धरना देकर विरोध प्रदर्शन किया था और बिल की कॉपी जला दी थी।

CAB के खिलाफ पूरे प्रदेश में प्रदर्शन करेगी कांग्रेस
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू ने कहा, “आज हमने बिल जलाया है, कल सड़कों पर प्रदर्शन करेंगे। बुधवार को प्रदेश के सभी जनपद मुख्यालयों पर कांग्रेस के लोग इस बिल का विरोध प्रदर्शन करेंगे। कांग्रेस इस के खिलाफ सड़क से लेकर सदन और विधानसभा में भी लड़ेगी और सरकार के मंसूबों को कामयाब नहीं होने देगी। देश के प्रधानमंत्री ने “सबका साथ, सबका विकास” की बात की थी। क्या यही साथ-सबका विकास है? जो लोग आज देश की भावना में हैं, उन्हें आज अलग करना चाहते हैं। बीजेपी की नीति और नियत संघ के एजेंडे पर काम करेगी। भारत का संविधान और उसकी आत्मा काम करेगी। हम संविधान के साथ खड़े हैं। संविधान की रक्षा के लिए कांग्रेस हर वह स्तर अपनाने में काम करेगी, जिससे संविधान की रक्षा हो सके।

बीजेपी सरकार सब को बांटना चाहती है
कांग्रेस अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू ने कहा कि, “संघ का विधान इस देश का संविधान नहीं हो सकता। बीजेपी देश को बांटना चाहती है। बड़े संघर्षों के बाद इस देश को आजादी दिलाने का काम भारत के लोगों ने किया है। कांग्रेस के एक-एक कार्यकर्ता ने त्याग समर्पण कर इस देश की नीवं बनाई है। हम उसे बांटते हुए नहीं देख सकते हैं। महात्मा गांधी और बाबा भीमराव अंबेडकर का सपना था कि भारत में सबको समान नागरिकता मिले। आर्टिकल -14 के तहत यह अधिकार दिया गया है। लेकिन बीजेपी सरकार सब को बांटना चाहती है। जिसे कांग्रेस का कार्यकर्ता कतई नहीं होने देगा।”

प्रियंका का संदेश पढ़कर जलाई गई बिल की कॉपियां
प्रदेश अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ता ने न सिर्फ इस बिल को असंवैधानिक बताते हुए सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की बल्कि इस दौरान प्रियंका गांधी द्वारा CAB को लेकर जारी किए गए संदेश को पढ़कर सुनाया भी। जिसके बाद नागरिक संशोधन बिल की कॉपियां जलाकर कांग्रेस ने इस बिल के खिलाफ सड़कों पर उतर कर एक बडा़ प्रदर्शन करने का ऐलान कर दिया।

क्या है नागरिक संशोधन बिल
नागरिकता संशोधन विधेयक 2019 के मुताबिक पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान में धार्मिक उत्पीड़न के कारण 31 दिसंबर 2014 तक भारत आए हिंदू, सिख, बौद्ध, जैन, पारसी, ईसाई समुदाय के लोगों को न सिर्फ वैद्य शरणार्थी माना जाएगा बल्कि उन्हें भारतीय नागरिकता भी दे दी जाएगी। यह विधेयक 2014 और 2019 के लोकसभा चुनाव के बीजेपी का चुनावी वादा था।

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